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Board of Revenue प्रयागराज में सुनवाई की तारीख लखनऊ से लग रही, हाईकोर्ट ने जताई नाराजगी

Board of Revenue प्रयागराज में सुनवाई की तारीख लखनऊ से लग रही, हाईकोर्ट ने जताई नाराजगी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने Board of Revenue में मुकदमों की तारीख तय करने की नई प्रक्रिया और तत्काल सुनवाई की व्यवस्था स्पष्ट न होने पर  Board of Revenue के चेयरमैन को एक सप्ताह के भीतर स्थिति स्पष्ट करने का निर्देश दिया है और चेतावनी दी कि जानकारी न मिलने पर उन्हें व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होना पड़ेगा.

यह आदेश जस्टिस अरुण कुमार ने अक्षय चौधरी व तीन अन्य की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है. वकीलों ने कोर्ट के संज्ञान में यह तथ्य लाया कि प्रयागराज स्थित Board of Revenue में लंबित मुकदमों की तारीखें लखनऊ में बैठे चेयरमैन द्वारा निर्धारित की जा रही हैं. वकीलों ने दलील दी कि नई गाइडलाइंस के तहत तत्काल सुनवाई के लिए कोई प्रक्रिया ही नहीं दी गई है जिसके कारण याचियों की अपील Board of Revenue में सूचीबद्ध नहीं हो पा रही है.

सरकारी वकील को एक सप्ताह का समय दिया है ताकि वह लखनऊ स्थित Board of Revenue के चेयरमैन से नई प्रक्रिया के संबंध में निर्देश प्राप्त कर सकें

कोर्ट ने सरकारी वकील को एक सप्ताह का समय दिया है ताकि वह लखनऊ स्थित Board of Revenue के चेयरमैन से नई प्रक्रिया के संबंध में निर्देश प्राप्त कर सकें. कोर्ट ने चेयरमैन से पूछा है कि प्रयागराज में लंबित मामलों में तारीखें लगाने के लिए क्या प्रक्रिया निर्धारित की गई है.

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 साथ ही यह भी स्पष्ट करने को कहा है कि कोई भी वादकारी यह कैसे सुनिश्चित करेगा कि Board of Revenue में उसकी तत्काल सुनवाई की अर्जी का जल्द से जल्द निस्तारण हो सके. कोर्ट ने आदेश में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि यदि मामले की अगली सुनवाई तक आवश्यक निर्देश प्राप्त नहीं होते तो कि Board of Revenue चेयरमैन को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होना होगा. कोर्ट ने  अगली सुनवाई की तिथि 25 अगस्त नियत की है.

अजित द्विवेदी मुरादाबाद विकास प्राधिकरण के पैनल अधिवक्ता नियुक्त

उच्च न्यायालय के अधिवक्ता अजित द्विवेदी को मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (एमडीए) ने मुकदमों की पैरवी के लिए अपने अधिवक्ता पैनल में शामिल किया है. प्राधिकरण के सक्षम अधिकारी की संस्तुति के बाद इस संबंध में आदेश जारी किया गया है. पैनल अधिवक्ता अजित द्विवेदी मुरादाबाद विकास प्राधिकरण से संबंधित उच्च न्यायालय में दाखिल होने वाले मुकदमों की प्रभावी पैरवी करेंगे.

विभाग ने अजित द्विवेदी पर विश्वास जताया कि वह मुरादाबाद विकास प्राधिकरण से जुड़े मामलों में उच्च न्यायालय के समक्ष मजबूती और प्रभावी ढंग से पैरवी करेंगे. अधिवक्ता अजित द्विवेदी को नई जिम्मेदारी मिलने पर बधाई देने वालों में वरिष्ठ अधिवक्ता राधाकांत ओझा, अखिलेश सिंह, शिवेंदु ओझा, भास्कर सिंह, नित्योदित्य, उमंग, शुभम, जिगर, नमन, बजरंग, शत्रुघ्न आदि अधिवक्ता शामिल रहे.

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पीयूष त्रिपाठी बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण के पैनल अधिवक्ता नियुक्त

इलाहाबाद हाईकोर्ट में केंद्र सरकार के अधिवक्ता पीयूष त्रिपाठी को बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण झांसी के पैनल अधिवक्ता नियुक्त किया गया है.इस आशय का आदेश विशेष कार्याधिकारी प्राधिकरण ने जारी किया है. इन्हें इलाहाबाद हाईकोर्ट में प्राधिकरण की तरफ से मुकद्दमों की नियमानुसार पैरवी के लिए अधिकृत किया गया है.

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