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Murder

High Court Decision

हाईकोर्ट ने हत्या के 2 accused की उम्रकैद की सजा रद, किया बरी, कहा: सबूत बगैर पुलिस ने गढ़ी थी झूठी कहानी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मैनपुरी में 2007मे हुईं हत्या केस में दो accused दिलीप और सुनील को बरी कर दिया है.  दोनों accused को 2020 में विशेष न्यायाधीश (ई.सी. एक्ट), मैनपुरी की अदालत ने धारा 302/34 आईपीसी के तहत उम्रकैद की सजा सुनाई थी. 3 अक्टूबर 2007 को मोहम्मद जावेद को…

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जब Death का कारण ही साबित नहीं हो सका तो हत्या कैसे मानी जाएगी, ट्रायल कोर्ट से दोषी ठहराये गये 3 आरोपित बरी

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कहा, संदेह से परे साक्ष्य पेश नहीं कर सका अभियोजन पक्ष, कोर्ट ने विवेचना में खामियां गिनायीं जब Death का कारण ही साबित नहीं हो सका तो कारतूस और बैलिस्टिक रिपोर्ट का कोई खास मूल्य नहीं रह जाता. Death व्यक्ति के कंकाल की बरामदगी सार्वजनिक स्थान…

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गवाहों के बयानों में विरोधाभास बना आधार, 14 साल पहले हुई Murder के मामले में पिता-पुत्र हाई कोर्ट से बरी

मेरठ के किठौर थाना क्षेत्र में 2012 में हुई किरण पाल Murder case में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पिता-पुत्र अमित और कांति को बरी कर दिया है. दोनों को 2018 में मेरठ की अपर सत्र न्यायालय ने Murder case में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी. अभियोजन के अनुसार, 7 सितंबर…

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Evidence उचित संदेह से परे प्रमाणित नहीं तो संदेह का लाभ आरोपित को, 38 साल पुराने हत्या के मामले में दो भाइयों की सजा रद्द

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा है कि Evidence उचित संदेह से परे प्रमाणित नहीं तो संदेह का लाभ आरोपित को भी दिया जाना चाहिए. इस कमेंट के साथ कोर्ट ने Evidence उचित संदेह से परे प्रमाणित न न होना मानते हुए मुरादाबाद के एक चर्चित हत्या मामले में सत्र न्यायालय के…

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संदेह कितना भी प्रबल क्यों न हो वह प्रमाण का स्थान नहीं ले सकता, 1987 में Murder के आरोपित की आजीवन कारावास की सजा रद

फर्रुखाबाद में हुई थी घटना, हाई कोर्ट ने कहा, जब तीन के खिलाफ समान साक्ष्य थे और दो को बरी कर दिया गया तो केवल एक आरोपी को दोषी ठहराना न्यायसंगत नहीं इलाहाबाद हाईकोर्ट ने फर्रुखाबाद के वर्ष 1987 के बहुचर्चित Murder मामले में आरोपी खुन्नी लाल की आजीवन कारावास…

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Murder के 3 आरोपियों को सशर्त जमानत, सजा निलंबित, सजा के खिलाफ अपील पर पत्रावली तलब

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने Murder मामले में सिद्ध दोष कैदियों की सशर्त जमानत मंजूर कर ली है और केस पत्रावली तलब करते हुए मिली सजा निलंबित रखने का भी आदेश दिया है. सत्र अदालत बलिया ने Murder के आरोप में आरोपियों को 10 साल की कैद की सजा सुनाई है जिसे…

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100 साल के Accused को 40 साल बाद मिला न्याय, हाई कोर्ट ने किया बरी, 1982 के हुए मर्डर केस में था आरोपित

जब कोई व्यक्ति (accused) जीवन के आखिरी पड़ाव पर कोर्ट के सामने खड़ा होता है तो दशकों की प्रक्रियात्मक देरी के बाद दंडात्मक परिणामों पर ज़ोर देना न्याय को एक ऐसे अनुष्ठान में बदलने का जोखिम पैदा करता है जो अपने मूल उद्देश्य से अलग हो जाता है. जब सिस्टम…

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Wife की हत्या के आरोपी की उम्रकैद की सजा रद, आरोप से बरी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने Wife की हत्या के आरोपी की उम्रकैद की सजा रद करते हुए बरी कर दिया है और कहा है कि अभियोजन पक्ष परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की  कड़ी स्थापित करने में विफल रहा, जो आरोप साबित कर सकती हो. अन्य ठोस साक्ष्य भी नहीं पेश कर सका. घटनास्थल पर…

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पत्नी की Murder के आरोपी वकील को 1 जज ने किया बरी, दूसरे ने उम्रकैद की सजा बरकरार रखी

तीसरे न्यायाधीश के नामांकन के लिए केस चीफ जस्टिस के समक्ष रखा गया इलाहाबाद हाईकोर्ट की एक खंडपीठ के बीच फतेहपुर के एक वकील द्वारा (Murder) दायर 29 साल पुरानी आपराधिक अपील पर फैसला सुनाते समय आपस में मतभेद हो गया. वकील को 1991 में अपनी पत्नी की हत्या (Murder)…

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NRI पति की हत्या की दोषी ब्रिटिश लेडी को सजा ए मौत, उम्र कैद में तब्दील

हाई कोर्ट ने साथी की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 38 वर्षीय ब्रिटिश महिला को अपने NRI पति की हत्या का जुर्म साबित होने पर सुनायी गयी मृत्युदंड की सजा को उम्र कैद में तब्दील कर दिया है. उसे लोअर कोर्ट ने सजा ए मौत…