इलाहाबाद HC ने कहा, Trial Court फैसले को या तो हिंदी में लिखवाएं या फिर सिर्फ अंग्रेजी में, 2021 के दहेज हत्या के मामले में पति बरी
Trial Court किसी भी मामले में जजमेंट सुना रही हैं तो उन्हें इस बात का ध्यान अनिवार्य रूप से रखना चाहिए कि फैसले की लैंग्वेज या तो हिंदी हो या फिर सिर्फ अंग्रेजी. दोनों भाषाओं को मिक्स करके फैसला सुनाया जाना स्वीकार्य नहीं है. आगरा की एक Trial Court द्वारा…
[…] इसे भी पढ़ें… Sanctioned post पर कार्यरत शिक्ष… […]
[…] इसे भी पढ़ें… Sanctioned post पर कार्यरत शिक्ष… […]
[…] इसे भी पढ़ें… Sanctioned post पर कार्यरत शिक्ष… […]
[…] इसे भी पढ़ें…केवल मुकदमे के Final stage में … […]
[…] इसे भी पढ़ें… Sanctioned post पर कार्यरत शिक्ष… […]